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क्‍वाड क्‍या है। क्‍वाड्रीलेटरल सुरक्षा वार्त्ता।

क्‍वाड हिंद और प्रशांत महासागर से लगे हुए देश भारत, अमेरिका, आस्‍ट्रेलिया और जापान का समूह है। क्‍वाड शब्‍द 'क्‍वाड्रीलेटरल सुरक्षा वार्ता' के क्‍वाड्रीलेटरल (चतुर्भज) से लिया गया है। आधिकारिक तौर पर यह एक औपचारिक गठबंधन नहीं है बल्कि यह एक अनौपचारिक रणनीतिक मंच है। लक्ष्‍य।  क्‍वाड का उदेश्‍य भारत-प्रशांत क्षेत्र में लोकतांत्रिक देशों के हितों की रक्षा करना और वैश्विक चुनौतियों का समाधान करना है। इनमें समुद्री सुरक्षा, जलवायु परिवर्तन जैसे मुद्दे के अलावा वर्तमान में कोरोना महामारी भी शामिल है। क्‍वाड को चीन के बढ़ते प्रभाव और विस्‍तारवादी महत्‍वाकांक्षाओं का मुकाबला करने के प्रयास के रूप में भी देखा जाता है। शुरूआत। 2006 में तत्‍कालीन जापानी प्रधानमंत्री शिंजो आबे क्‍वाड के गठन पर विचार करने वाले पहले व्‍यक्ति थे। थोड़ा सा पीछे जाएं तो क्‍वाड जैसे समूह को बनाने की जरूरत पहली बार 2004 में आई सुनामी के बाद पड़ा, जब भारत ने जापान, अमेरिका और आस्‍ट्रेलिया के साथ मिलकर प्रभावित क्षेत्रों में युद्धस्‍तर पर बचाव अभियान चलाया था। पहली बैठक। 4 देशों के इस समूह की पहली बैठक 2007 में फि

बख्तियारपुर में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर हमले की जांच।

रविवार 27 मार्च 2022 को एक कार्यक्रम के लिए बख्तियारपुर पहुंचे मुख्यामंत्री श्री नितीश कुमार पर एक युवक ने हमला कर दिया, जिसको लेकर जदयू कार्यकर्ताओं तथा बिहार की जनता में काफी आक्रोश है। सीतामढ़ी जिले के एक जदयू नेता 'चंदन सिंह सम्राट' ने तो आरोपी के हाथ काटने पर 1 लाख 11 हजार का इनाम देने की घोसना भी कर दी है। 

attack on nitish kumar

गृह सचिव घटना का जायजा लेने पहुंचे बख्तियारपुर। 

रविवार 27 मार्च को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर हुए हमले की जांच के लिए बख्तियारपुर ब्लॉक के गृह सचिव। गृह सचिव, चैतन्य प्रसाद तथा DGP SK सिंघल ने घटनास्थल का जायजा लिया एवं उपस्थित चिकित्सा पदाधिकारी डॉ रमेश प्रसाद सिन्हा से मुलाकात की। 

घटनास्थल का जायजा लेने के बाद गृह सचिव बख्तियारपुर डाकबंगला भवन में आला अधिकारियों के साथ करीब 3 घंटे तक बैठक की इस बैठक में मीडिया के जाने की पाबंदी थी। 

मुख्यमंत्री पर हमले को लेकर आम लोगों की राय। 

हाल ही में चुनावी दौरे के लिए पंजाब जा रहे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी की सुरक्षा में भी चूक हुई थी। और अब बिहार मुख्यमत्री नितीश कुमार पर बख्तियारपुर में हमला होना देश के लिए बहुत शर्मिन्दिगी की बात है। और ये सब घटनाएं देश के बड़े नेताओं को मिलने वाली सुरक्षा में संदेह पैदा करती है। 
मुख्यमंत्री नितीश कुमार पर हुए हमले को लेकर लोगों का मिला जुला रिएक्शन आ रहा है। जदयू कार्यकर्त्ता तथा कई लोग इस घटना को बेहद शर्मनाक बताया है, तथा मुख्यमंत्री का पद अपमानित करने का भी आरोप लगा रहें है। वहीं कुछ लोग आरोपी की मानसिक स्थिति ठीक न होने की बात कह रहें है। 

आरोपी का क्या हुआ। 

मुख्यमंत्री श्री नितीश कुमार पर हमला करने वाले सख्स का नाम शंकर वर्मा, (पिता श्यामसुंदर वर्मा ) है। और उसकी उम्र 32 वर्ष है। यह बख्तियारपुर के मुहम्मदपुर का रहने वाला है। इसे पकड़ने के बाद पूछताछ से पता चला की युवक की दिमागी हालात सही नहीं है। मुख्यमंत्री ने आरोपी पर किसी तरह की पुलिस कार्रवाई न करने की अपील की है। 
परिवार वालों से मिली जानकारी के अनुसार दो वर्ष पूर्व ये दो मंजिला ईमारत से कूद गया था। तथा एक बार आत्महत्या करने की कोशिश भी की थी। पत्नी की माने तो यह घर के किसी को बड़ा या छोटा नहीं देखता किसी पे भी इट-पत्थर से हमला कर देता है। यहाँ तक आरोपी की पत्नी खुद उसे छोड़कर चली गई है। 


तारीख: 29/03/2022 
लेखक: शत्रुंजय कुमार। 


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